Raipur Crime

Raipur Crime : रायपुर में बम बनाने का मामला: महापौर नंदलाल देवांगन का साला गिरफ्तार, मितानिन के घर से मिला था विस्फोटक सामान

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Raipur Crime : रायपुर : रायपुर में देसी बम बनाने की साजिश से जुड़े मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी विनय देवांगन को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को 12 मई की रात रावाभाठा इलाके से पकड़ा गया। विनय देवांगन कांग्रेस नेता और बीरगांव महापौर नंदलाल देवांगन का साला बताया जा रहा है। फिलहाल पुलिस उससे लगातार पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि वह विस्फोटक सामग्री क्यों जुटा रहा था और उसके साथ इस नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं।

Raipur Crime : मितानिन के घर रखवाया था संदिग्ध बैग

Raipur Crime : पुलिस के मुताबिक मामला खमतराई थाना क्षेत्र के रविशंकर शुक्ल वार्ड का है। यहां रहने वाली मितानिन पुष्पा साहू के घर आरोपी 6 मई की शाम एक बैग लेकर पहुंचा था। उसने कुछ समय के लिए बैग रखने की बात कही और वहां से चला गया। बैग को लेकर शक होने पर पुष्पा साहू ने वार्ड पार्षद अश्वनी यादव को इसकी जानकारी दी।

Raipur Crime : सूचना मिलने के बाद पार्षद मौके पर पहुंचे और अगले दिन स्थानीय लोगों की मौजूदगी में बैग की जांच की गई। बैग खुलते ही सभी लोग हैरान रह गए, क्योंकि उसके अंदर एयरगन, वायर, बैटरी, कैमिकल और डेटोनेटर जैसी सामग्री मिली।

Raipur Crime : मौके पर पहुंची पुलिस और बम निरोधक दस्ता

Raipur Crime : मामले की सूचना मिलते ही पुलिस और बम निरोधक दस्ता (BDDS) मौके पर पहुंचा। टीम ने बैग से बरामद सभी सामान को जब्त कर लिया। शुरुआती जांच में सामने आया कि बरामद सामग्री का इस्तेमाल देसी बम या IED तैयार करने में किया जा सकता है।

Raipur Crime : पुलिस अधिकारियों के अनुसार बैटरी, वायर, कैमिकल और डेटोनेटर जैसी चीजें सामान्य तौर पर विस्फोटक डिवाइस तैयार करने में उपयोग की जाती हैं। वहीं एयरगन का इस्तेमाल हथियार या ट्रेनिंग गतिविधियों में किया जाता है।

Raipur Crime : गिरफ्तारी के बाद पूछताछ तेज

Raipur Crime : घटना सामने आने के बाद आरोपी फरार हो गया था, जिसके बाद पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी हुई थी। आखिरकार 12 मई को उसे गिरफ्तार कर लिया गया। अब पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि आरोपी का मकसद क्या था, विस्फोटक सामग्री कहां से लाई गई थी और कहीं इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है। मामले को लेकर सुरक्षा एजेंसियां भी सतर्क हो गई हैं और पूरे घटनाक्रम की गंभीरता से जांच की जा रही है।